
*रायपुर / बिलासपुर।* छत्तीसगढ़ के राज्यपाल महामहिम श्री रमेन डेका जी से आज राजभवन, लोक भवन रायपुर में बिलासपुर के प्रमुख सामाजिक एवं पर्यावरण संरक्षण संस्थान _प्रकृति पुकारे वेलफेयर फाउंडेशन_ की संस्थापिका श्रीमती नीरज सक्सेना ने सौजन्य भेंट की।
यह शिष्टाचार मुलाकात बेहद सार्थक रही। इस दौरान जलकुंभी (Water Hyacinth) के नव प्रयोग, उसके रेशे से वस्त्र निर्माण, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक जागरूकता और बिलासपुर क्षेत्र में संस्था द्वारा किए जा रहे विभिन्न सेवा कार्यों पर विस्तार से चर्चा हुई।
श्रीमती नीरज सक्सेना ने राज्यपाल महोदय को बताया कि किस प्रकार तालाबों और नदियों के लिए अभिशाप मानी जाने वाली जलकुंभी को वरदान में बदला जा सकता है। संस्था जलकुंभी के रेशे से इको-फ्रेंडली वस्त्र, हैंडिक्राफ्ट और अन्य उपयोगी उत्पाद तैयार करने की दिशा में काम कर रही है, जिससे एक ओर जलस्रोतों की सफाई होगी, वहीं दूसरी ओर महिलाओं को रोजगार भी मिलेगा।
राज्यपाल श्री रमेन डेका जी ने संस्था के इस नवाचारी प्रयास की सराहना की और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों को समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रयास ही छत्तीसगढ़ को हरित और स्वच्छ प्रदेश बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
इस अवसर पर डॉक्टर मनीष सक्सेना भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने संस्था के स्वास्थ्य एवं सेवा प्रकल्पों की जानकारी राज्यपाल महोदय के समक्ष रखी।
गौरतलब है कि _प्रकृति पुकारे वेलफेयर फाउंडेशन_ बिलासपुर में पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ वृक्षारोपण, जल संरक्षण, स्वच्छता अभियान और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में लगातार सक्रिय है
